महुआडांड़ सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में सेवा और संवेदना की मिसाल बने चिकित्सक सहायक सुबोध कुमार सिंह

महुआडांड़ सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र आज केवल इलाज का स्थान नहीं, बल्कि सेवा, संवेदना और विश्वास का केंद्र बनता जा रहा है। इसका बड़ा श्रेय यहां कार्यरत चिकित्सक सहायक सुबोध कुमार सिंह को जाता है, जो अपनी उत्कृष्ट कार्यशैली और मानवीय व्यवहार के कारण पूरे प्रखंड में सराहना का विषय बने हुए हैं।चिकित्सक सहायक सुबोध कुमार सिंह न केवल मरीजों की सेवा पूरी निष्ठा, ईमानदारी और समर्पण के साथ करते हैं, बल्कि अपनी मधुर और संवेदनशील बातचीत से हर मरीज का दिल जीत लेते हैं। ग्रामीण अंचलों से आने वाले मरीजों का कहना है कि वे किसी स्वास्थ्य कर्मी से नहीं, बल्कि परिवार के किसी अपने सदस्य से मिलकर इलाज व मार्गदर्शन प्राप्त करते हैं।मरीज बताते हैं कि सुबोध कुमार सिंह हर व्यक्ति की समस्या को धैर्यपूर्वक सुनते हैं, बीमारी से जुड़ी बातों को सरल भाषा में समझाते हैं और पूरे मन से सेवा करते हैं। उनकी यही कार्यशैली उन्हें अन्य कर्मियों से अलग पहचान दिलाती है। मरीजों के प्रति उनका अपनापन, संवेदनशीलता और जिम्मेदारी का भाव ग्रामीण जनता के बीच विश्वास और सुकून पैदा कर रहा है।पूरे प्रखंड के ग्रामीणों ने एक स्वर में चिकित्सक सहायक सुबोध कुमार सिंह के प्रति आभार व्यक्त करते हुए कहा कि ऐसे सेवाभावी स्वास्थ्यकर्मी ही स्वास्थ्य व्यवस्था की असली रीढ़ होते हैं। उनकी सेवा भावना से न केवल मरीजों को राहत मिल रही है, बल्कि महुआडांड़ सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में सकारात्मक और उत्साहपूर्ण माहौल भी बन रहा है, जिसका असर पूरे स्वास्थ्य विभाग में दिखाई दे रहा है।ग्रामीणों का मानना है कि यदि हर सामुदायिक और प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र में सुबोध कुमार सिंह जैसे कर्मठ, संवेदनशील और सेवाभावी चिकित्सक सहायक हों, तो ग्रामीण स्वास्थ्य सेवाओं की तस्वीर पूरी तरह बदल सकती है। ऐसे स्वास्थ्यकर्मी न केवल सेवा करते हैं, बल्कि समाज में उम्मीद और विश्वास भी जगाते हैं निस्संदेह, चिकित्सक सहायक सुबोध कुमार सिंह स्वास्थ्य विभाग के लिए एक प्रेरणा स्रोत हैं और उनकी कार्यशैली आने वाली पीढ़ी के स्वास्थ्य कर्मियों के लिए अनुकरणीय उदाहरण है।
📢 झारखंड की ताज़ा खबरें अब सीधे आपके WhatsApp पर!
🔗 WhatsApp ग्रुप जॉइन करेंझारटाइम्स – आपके गाँव, आपके खबर



